नैनीताल हाईकोर्ट ने मंदिर में शादी करने वाले प्रेमी की गिरफ्तारी पर लगाई रोक, युवती के पिता से आपत्ति पेश करने को कहा।

नैनीताल हाईकोर्ट ने मंदिर में शादी करने वाले प्रेमी की गिरफ्तारी पर लगाई रोक, युवती के पिता से आपत्ति पेश करने को कहा।

नैनीताल-25 मार्च 2026

उत्तराखंड हाईकोर्ट ने प्रेमी के खिलाफ दर्ज मुकदमे को निरस्त करने और गिरफ्तारी पर रोक लगाए जाने के मामले में दायर याचिका पर सुनवाई की। मामले की सुनवाई के बाद न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की एकलपीठ ने तब तक प्रेमी की गिरफ्तारी पर रोक लगाते हुए उससे जांच में सहयोग करने को कहा है।

कोर्ट ने अगली सुनवाई हेतु 6 अप्रैल की तिथि नियत की है। साथ में कोर्ट ने राज्य सरकार और युवती के पिता से इस मामले में अपनी आपत्ति पेश करने को कहा है। मामले के अनुसार एक युवक ने याचिका दायर कर कहा है कि वह और उसकी प्रेमिका एक दूसरे को पसंद करते हैं,उन्होंने आपसी सहमति से एक मार्च 2026 को हरिद्वार जिले के रोशनाबाद स्थित शिव मंदिर में विवाह कर लिया। इस विवाह से प्रेमिका के पिता खुश नहीं हैं। युवती के पिता ने उसके खिलाफ थाना रानीपुर में मुकदमा दर्ज कर दिया है। मुकदमे में उनके द्वारा आरोप लगाया गया है कि विवाह के वक्त युवती नबालिग थी. इनके द्वारा उसे बहला फुसला कर शादी कर ली गई है। याचिकाकर्ता ने अपनी याचिका में कहा है कि विवाह के वक्त दोनों बालिग थे। युवती की जन्म तिथि चार फरवरी 2008 और याचिकाकर्ता की जन्म तिथि 20 अक्टूबर 1995 है. जिसके प्रमाण पत्र उनके द्वारा याचिका में संलग्न किए हुए हैं।

इस सम्बंध में युवती की तरफ से कोर्ट शपथ पत्र पेश किया गया है। उसमें कहा गया कि वह बालिग है. दोनों ने मंदिर में विवाह कर लिया है। याचिका में कोर्ट से प्रार्थना की गई है कि उसके खिलाफ दर्ज मुकदमे को निरस्त किया जाये। प्रेमी की गिरफ्तारी पर रोक लगाई जाए।

कोर्ट ने दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद अगली तिथि तक याचिकाकर्ता की गिरफ्तारी पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही उससे जांच में सहयोग करने को कहा है. हाईकोर्ट ने युवती के पिता और राज्य सरकार से आपत्ति पेश करने को भी कहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!