गैरसैंण निवासी मदन साह का एक साल बाद भी सुराग न लगने से परिजन परेशान,मुख्यमंत्री से लगाई पति को खोजने की गुहार
गैरसैंण-09 सितंबर 2026
रिपोर्ट- प्रेम संगेला
गैरसैंण नगर से महाराष्ट्र के पुणे शहर घूमने के इरादे से गए 51 वर्षीय व्यक्ति मदनमोहन साह उर्फ मदन साह पुत्र जीवनलाल साह का गुमशुदगी के एक साल बाद भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। साल भर से उनकी कोई खैर-खबर न मिलने से पत्नी व इकलौते बेटे सहित परिवार के अन्य लोग गहरे सदमे की स्थिति में है। घर में मोबाइल फोन बजते ही पत्नी धर्मा देवी व परिजन इस आश में रहते है,की महाराष्ट्र पुलिस का फोन आया होगा,ओर उनके पति की सलामति की कोई सूचना मिलेगी।
इस दौरान मदन साह की ढूंढ-खोज के लिए परिवार के लोग भी पुणे गये थे,लेकिन अनजान शहर में अपने स्तर से प्रयास करने के बाद खाली हाथ घर लौट आए थे। गैरसैंण बाजार में ही रहने वाले मदन साह का इकलौता बेटा प्रदीप साह होटल मेनेजमेंट की पढ़ाई कर रहा है,परिवार का भरण पोषण करने वाले पिता के गायब होने के बाद से ही आर्थिक संकट से जूझना पड़ रहा है,जिसके चलते ठीक ढंग से पढ़ाई भी नहीं हो पा रही है। मदन साह टैंट इत्यादी का काम कर अपने परिवार का भरण पोषण करते थे। जिनके गायब होने से परिवार पर दुखों की दोहरी मार पड रही है।
परिजनों के अनुसार गैरसैंण बाजार से अन्यत्र जाने से कतराने वाले मदन साह अचानक 2025 के सितंबर माह की शुरुआत में घर से महाराष्ट्र घूमने की बात कहकर अन्य साथी भरत सिंह पुत्र दरबान सिंह खत्री निवासी खत्रियाणा गैरसैंण के साथ घर से निकले थे,जिसके बाद 5 सितंबर को उन्हें भरत सिंह द्वारा उनके गुम होने की सूचना दी गयी।
जिसके अनुसार मामले में महाराष्ट्र राज्य के पुणे के शिवाजी नगर थाने के अंतर्गत बंड गार्डन पुलिस स्टेशन में दर्ज प्राथमिक रिपोर्ट के अनुसार मदन शाह ओर भरत सिंह खत्री घर से 4 सितंबर को पुणे रेलवे स्टेशन पर पहुंचे थे,इसके बाद भरत सिंह के मोबाइल पर आई लोकेशन के बाद दोनों एक होटल में नौकरी करने चले गए,भरत के अनुसार होटल में रात बिताने के बाद सुबह उठने पर जब उन्होंने मदन साह को वहां नहीं पाया तो,मदन शाह के मोबाईल पर फोन कर पूछने पर उन्होंने कुछ दूरी पर होने की बात कही, जिसके बाद एक ऑटो ड्राइवर उन्हें वापस होटल में लेकर आया। इसके बाद मदन साह ने घर जाने की इच्छा जताई तो,भरत सिंह उन्हें घर भेजने के इरादे से वापस रेलवे स्टेशन पर आए तो इसी दौरान जब भरत ऑटो का किराया दे रहे थे,तो मदन शाह पुणे रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नम्बर 6 के पास ही शिवाजी नगर की तरफ चले गए।दोबारा से फोन पर बातचीत तो हुई,लेकिन वो अपनी लोकेशन नहीं बता पाए,जिसके बाद से ही मोबाइल स्विच ऑफ हो गया।
मामले में महाराष्ट्र पुलिस द्वारा मिसिंग ग्रुप में भी सूचना दर्ज कर गुमशुदगी के पोस्टर भी लगाए गये,लेकिन एक साल से ज्यादा का वक्त गुजरने के बावजूद उनका कोई पता न लगने से परिवार बेचैन है। किसी तरह से घर का खर्च चला रही आर्थिक तंगी के दौर से गुजरने वाली परेशान पत्नी ने क्षेत्रीय विधायक व सांसद सहित मुख्यमंत्री से अपने खोये पति को ढूंढने की गुहार लगाई है।
