भारी बारिश के बीच मलवा आने से माईथान क्षेत्र की सडक व विधुत आपूर्ति ठप्प,आधा दर्जन जगहों पर सडक पर आया मलवा।
पेयजल व सिंचाई नहरों के साथ ही फसल व भूमी बर्बाद,रविवार दोपहर बाद हो सका यातायात बहाल।
माईथान (गैरसैंण):-16 अगस्त 2026
रिपोर्ट- प्रेम संगेला
विकासखंड गैरसैंण के अंतर्गत माईथान क्षेत्र की सणकोट व भैरवगढ़ी की ऊंची पहाड़ियों के बीच शनिवार सुबह से जारी बारिश पूरी रातभर होती रही। जिसके चलते क्षेत्र में हुई अतिवृष्टि के कारण रायकोट गडौत व मालकोट गांवों के बीच अधिकांशत: सूखे रहने वाले गधेरे रात 10 बजे तक पूरे उफान पर बहने लगे। जिससे भारी मात्रा में जंगल से मलवा,बोल्डर ओर चीड़ के पेड़ टूट कर सड़क पर जमा हो गये। जिससे मेहलचौरी- बच्छुवाबाण मार्ग 5 जगहों पर पूरी तरह से अवरुद्ध हो गया।
माईथान क्षेत्र को विधुत आपूर्ति करने वाली 11 हजार किलोवाट की लाईन का मुख्य पोल गिर गया,जिससे 250 मीटर विधुत लाईन क्षतिग्रस्त होने के साथ ही कई पोल तिरछे हो गये । जिससे क्षेत्र की 21 ग्राम पंचायतों की विधुत आपूर्ति ठप्प होने से लगभग 20 हजार की आबादी पूरी रात अंधेर में रही। गधेरों में आए मलवे से खेतों में खडी फसल चौपट हो गयी,साथ ही कई हेक्टेयर कृषि भूमि भी मलबा भरने से बर्बाद हो गयी है। अतिवृष्टि से प्रभावित गांवों की पेयजल लाइनें क्षतिग्रस्त होने के साथ ही सिंचाई नहरें भी मलबे से दब गई हैं। घर के नजदीकी गधेरे में भारी मलवा आता देख मालकोट गांव के कुंदन सिंह कठैत के परिवार ने अंधेरी रात के बीच घर छोड़कर दूसरे के घर में रहकर जान बचाई।
मालकोट में पुल निर्माण से भूस्खलन की जद में आए भवन स्वामी दलीप सिंह कठैत व दीपराज कठैत के परिवारों ने घर के आंगन में पडी दरारों के बीच एक तरफ गधेरा में आता मलवा तो दूसरी तरफ रामगंगा में बढते पानी के बीच रातभर जागकर व निगरानी करके बितायी। इस दौरान माईथान की तरफ जा रहा 108 एंबुलेंस वाहन भी गडौत गांव में मलवा आने से फंसा रहा।
रविवार को लोक निर्माण विभाग द्वारा दो जेसीबी मशीनें भेजे जाने के बाद दोपहर बाद ही यातायात सुचारू हो सका। विधुत विभाग ने दर्जनभर कर्मचारीयों की टीम भेज क्षतिग्रस्त लाईन को दुरूस्त करने का काम शुरू कर दिया है। क्षतिग्रस्त पेयजल लाईनों पर भी काम शुरू कर दिया गया है। सिंचाई नहरों ,खडी फसलों कृषी भूमि की क्षति के आंकलन के लिए राजस्व विभाग की टीम ने मौके पर पंहुचकर जानकारी जुटाई।
उप जिलाधिकारी अबरार अहमद ने बताया कि घटना की सूचना मिलने के तत्काल बाद ही विद्युत विभाग व लोक निर्माण विभाग को तत्काल सड़क व विद्युत आपूर्ति बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। खडी फसलों व कृषि भूमि व योजनाओं के नुकसान को लेकर राजस्व उप निरीक्षक को निरीक्षण कर जल्द से जलद रिपोर्ट देने के निर्देश दिए गए हैं।
लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता आलोक हटवाल ने बताया की भारी मात्रा में आए मलवे को दो जेसीबी मशीनों से 8 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद हटाया जा सका। विधुत विभाग के कनिष्ठ अभियंता पवन फरस्वाण ने बताया की एक पोल गिरने के साथ ही 4 विधुत पोल तिरछे हुए हैं। शाम तक विधुत आपूर्ति बहाल करने के प्रयास जारी हैं। ग्राम प्रधान पूजा देवी ने कहा कि बारिश के चलते रात 10 बजे ही गधेरों में मलवा आना शुरू हो गया था ,जिसके बाद नजदीकी परिवारों को सचेत किया गया। उन्होंने विधुत व पेयजल आपूर्ति जल्द शुरू किये जाने की मांग के साथ ही काश्तकारों को हुए नुकसान का मुआवजा देने की भी मांग की है।
