पुराने मानचित्रों से वन भूमि की स्थिति का मिलान,जिलाधिकारी ने अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश।

पुराने मानचित्रों से वन भूमि की स्थिति का मिलान,जिलाधिकारी ने अधिकारियों को दिए आवश्यक निर्देश।

सैंजी-लगा डुमक मोटर मार्ग की वन भूमि हस्तांतरण आपत्ति का तथ्यों के आधार पर होगा निस्तारण।

चमोली:- 10 सितम्बर 2026

सोमवार को आयोजित जनता मिलन कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों द्वारा सैंजी-लगा डुमक मोटर मार्ग के वन भूमि हस्तांतरण से संबंधित शिकायत जिलाधिकारी गौरव कुमार के समक्ष रखी गई थी। जिलाधिकारी ने शिकायत का संज्ञान लेते हुए प्रकरण से जुड़े सभी हितधारकों के साथ बैठक आयोजित कर तथ्यों एवं अभिलेखों के आधार पर आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।

इसी क्रम में आज सैंजी-लगा डुमक मोटर मार्ग के वन भूमि हस्तांतरण से संबंधित प्रकरण के संबंध में जिलाधिकारी गौरव कुमार की अध्यक्षता में जिला सभागार में संबंधित विभागों एवं ग्रामीण प्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में वन विभाग, पीएमजीएसवाई, राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ ग्रामीण प्रतिनिधि दल भी मौजूद रहा।

जिलाधिकारी ने मोटर मार्ग निर्माण के लिए वन भूमि हस्तांतरण से जुड़े सभी बिंदुओं का विस्तृत अवलोकन किया तथा संबंधित विभागों एवं ग्रामीण प्रतिनिधियों के पक्ष एवं चिंताओं को सुना। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से प्रकरण में अब तक की गई कार्यवाही की जानकारी लेते हुए सभी हितधारकों की शंकाओं एवं आपत्तियों का तथ्यों के आधार पर निराकरण करने के निर्देश दिए।

बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने वर्ष 1920 के वन विभाग के मानचित्र, वर्ष 1930 के बंदोबस्ती मानचित्र तथा वर्ष 1956 के मानचित्रों का अवलोकन करते हुए संबंधित क्षेत्र में वन, राजस्व एवं सिविल भूमि की स्थिति का मिलान किया। उन्होंने उपलब्ध अभिलेखों एवं वर्तमान स्थिति के आधार पर वन भूमि की स्थिति का स्पष्ट परीक्षण करते हुए प्रकरण का नियमानुसार समाधान सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

जिलाधिकारी ने पीएमजीएसवाई के अधिकारियों को फाइनल एलाइनमेंट के अनुसार वर्तमान में दर्ज आपत्ति का तथ्यों एवं अभिलेखों सहित परीक्षण कर स्पष्ट आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। साथ ही, उपजिलाधिकारी जोशीमठ को भी प्रकरण में आवश्यक राजस्व संबंधी कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने कहा कि मोटर मार्ग निर्माण से संबंधित वन भूमि हस्तांतरण के प्रकरण में सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें और उपलब्ध अभिलेखों एवं तथ्यों के आधार पर नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें, ताकि प्रकरण का शीघ्र निस्तारण किया जा सके।

बैठक में उप वन संरक्षक, केदारनाथ वन्यजीव प्रभाग रजत सुमन, अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश, उपजिलाधिकारी चंद्रशेखर वशिष्ठ सहित पीएमजीएसवाई, राजस्व विभाग के अधिकारी एवं ग्रामीण प्रतिनिधि उपस्थित रहे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!