कांग्रेस पार्टी से वीरेंद्र आर्य ने दिया इस्तीफा,कहा अनुसूचित जाति के कार्यकर्ताओं को कांग्रेस केवल वोट बैंक के रूप में कर रही उपयोग।
गैरसैंण-04 फरवरी 2026
विधानसभा चुनाव में अभी काफी समय बचा है,बावजूद इसके कांग्रेस में अभी से गुटबाजी देखने को मिल रही है,बुधवार को नगर पंचायत सभागार गैरसैंण में आयोजित हुई कांग्रेस की संगठन सृजन कार्यक्रम के दौरान नगर अध्यक्ष व ब्लॉक अध्यक्ष का चुनाव सम्पन्न हुआ। इस दौरान कांग्रेस के भीतर ब्लॉक अध्यक्ष पद पर नगर क्षेत्र के कार्यकर्ता को ब्लॉक अध्यक्ष बनाये जाने को लेकर अंदरखाने नाराजगी देखने को भी मिली। जहां कांग्रेस पार्टी ने नगर व ब्लॉक में संगठनात्मक बदलाव करते हुए कई वर्षों से कांग्रेस के नगर अध्यक्ष रहे सुरेंद्र सिंह बिष्ट को इस बार कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष बनाया है. तो,वहीं कुंवर सिंह रावत को नगर अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी दी गई है।
इस दौरान नगर अध्यक्ष सुरेंद्र सिंह बिष्ट, ब्लॉक अध्यक्ष दान सिंह नेगी, वरिष्ठ कांग्रेस कार्यकर्ता हरेंद्र कंडारी व बच्चन सिंह नेगी ने अध्यक्ष पद के लिए दावेदारी पेश की थी,जिसमे से सुरेंद्र सिंह बिष्ट को कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष पद के लिए चुना गया। वहीं नगर अध्यक्ष पद पर कुंवर रावत निर्विरोध निर्वाचित हुए।
इस दौरान कांग्रेस के भीतर की गुटबाजी भी खुलकर सामने आयी है,कांग्रेस के वरिष्ठ कार्यकर्ता व लगातार 10 वर्षों से अधिक समय से पंचायत में प्रतिनिधित्व कर रहे वर्तमान क्षेत्र पंचायत सदस्य वीरेंद्र आर्य ने कांग्रेस पार्टी से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने कांग्रेस पार्टी व जिला कांग्रेस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि आज अनुसूचित जाति के कार्यकर्ताओं को कांग्रेस केवल वोट बैंक के रूप में उपयोग कर रही है।उन्होंने कहा कि वो 20 वर्षों से निस्वार्थ भाव से कांग्रेस के लिए काम करते हुए आये हैं लेकिन आज उन्हें लगता है कि कांग्रेस पार्टी में अनुसूचित जाति के लोगों के लिए जगह नही रह गई है। अब लगता है कि एससी के लोगों को कांग्रेस छोड़ देनी चाहिए। उन्होंने पर्यवेक्षक को पत्र संबोधित करते हुए अपना इस्तीफा दिया है।
