4 वर्षीय मासूम पंकू का शव जंगल में मिला,9 दिन से था लापता,क्षेत्र में शोक की लहर।
रुद्रप्रयाग-12 अप्रैल 2026
रुद्रप्रयाग जनपद के क्यूंजा घाटी के बाड़व मल्ला गांव से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। 4 वर्षीय मासूम मयंक उर्फ पंकू, जो पिछले 9 दिनों से लापता था, उसका शव आखिरकार जंगल में बरामद हुआ है। इस हृदयविदारक घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
जनपद रुद्रप्रयाग के बाड़ब गांव से 04 अप्रैल से लापता चल रहे 4 वर्षीय मासूम पंकू को लेकर बेहद दुःखद खबर सामने आई है.लगातार 9 दिनों से चल रही खोजबीन के बाद आज उसका शव जंगल में बरामद किया गया है। मासूम की तलाश में जिला प्रशासन, पुलिस और वन विभाग की टीमें लगातार जुटी हुई थीं, लेकिन आज मिली इस खबर ने पूरे क्षेत्र को शोक में डुबो दिया है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में मातम पसरा हुआ है।
बताते चले कि मयंक पीछे सप्ताह के शनिवार दोपहर से अपनी मां के पीछे जंगल की ओर गया था, जिसके बाद से वह लापता हो गया था। बच्चे की तलाश में पुलिस, वन विभाग, एसडीआरएफ और डीडीआरएफ की टीमों ने लगातार सर्च अभियान चलाया। ड्रोन की मदद से जंगल, खाई और दुर्गम इलाकों में भी खोजबीन की गई, लेकिन कई दिनों तक कोई सुराग नहीं मिल पाया। इस दौरान खराब मौसम और बारिश भी अभियान में बाधा बनती रही।आखिरकार 9 दिन बाद जंगल में मासूम का शव मिलने से पूरे इलाके में मातम पसर गया है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं ग्रामीण भी इस घटना से स्तब्ध हैं।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए रुद्रप्रयाग भेज दिया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और हर पहलू की गहनता से पड़ताल की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बच्चे का शव गांव से करीब 5 किलोमीटर दूर जंगल में मिला है। पुलिस द्वारा शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है और पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। वहीं, वन विभाग ने बताया कि घटनास्थल पर किसी जंगली जानवर के हमले के स्पष्ट निशान नहीं मिले हैं,जिससे फिलहाल किसी वन्यजीव के हमले की पुष्टि नहीं हो पाई है।
