रुद्रप्रयाग में गुलदार की खाल के साथ चमोली जनपद निवासी दो तस्कर गिरफ्तार।
रुद्रप्रयाग- 10 अप्रैल 2026
उत्तराखंड में वन्यजीव तस्करी के मामले थमने के नाम नहीं ले रहे हैं। ताजा मामला रुद्रप्रयाग जिले से सामने आया है। जहां नगरासू क्षेत्र में चेकिंग के दौरान दो शातिर वन्यजीव तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। जिनके पास से गुलदार की खाल बरामद हुई है।
दरअसल, घटना बीती रोज यानी 9 अप्रैल की शाम की है जब पुलिस अधीक्षक निहारिका तोमर के निर्देशन और रुद्रप्रयाग क्षेत्राधिकारी के पर्यवेक्षण में एसओजी प्रभारी उपनिरीक्षक रणजीत खनेडा अपनी टीम के साथ नगरासू बस अड्डे के पास चेकिंग अभियान चला रहे थे।इसी दौरान एक संदिग्ध स्कूटी संख्या (UK 11 A 8349) को रोका गया। जिस पर स्कूटी सवार दोनों लोग घबरा गए। ऐसे में पुलिस ने बारीकी से तलाशी ली तो उनके पास से गुलदार की खाल बरामद हुई, जिसे देख पुलिस कर्मी हैरान हो गए। इसके बाद पुलिस की सूचना पर तत्काल मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने बरामद खाल की पुष्टि गुलदार की खाल के रूप में की। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उनकी योजना इस खाल को ज्योतिर्मठ (जोशीमठ) से हरिद्वार ले जाकर लाखों रुपए में बेचने की थी।
अब पुलिस और वन विभाग की टीम इस बात की जांच कर रही है कि गुलदार का शिकार कहां किया गया था? पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लंबे समय से वन्यजीव तस्करी में सक्रिय हो सकता है। इससे जुड़े अन्य नेटवर्क की भी जांच की जा रही है। बता दें कि उत्तराखंड में अपराधियों पर लगाम लगाने के लिए ‘ऑपरेशन प्रहार’ चलाया जा रहा है। साथ ही चारधाम यात्रा को सुरक्षित बनाने के लिए बॉर्डर चेकिंग अभियान भी पुलिस चला रही है. जिसके तहत ही रुद्रप्रयाग की एसओजी टीम को नगरासू क्षेत्र में चेकिंग के दौरान यह सफलता मिली
वहीं, पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ कोतवाली रुद्रप्रयाग में वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम 1972 की धारा 9, 39, 50, 51 व 52 में मुकदमा दर्ज कर लिया है। जिन्हें कोर्ट में पेश किया जा रहा है। गिरफ्तार वन्यजीव तस्कर के नाम-मनोहर लाल (उम्र 40 वर्ष), निवासी- ग्राम हाट, पीपलकोटी, चमोली। सुरेश लाल (उम्र 35 वर्ष), निवासी- ग्राम पैनी, ज्योतिर्मठ, चमोली है।
