ग्रामीण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की जांच को पुलिस ने गांव में डाला डेरा।

ग्रामीण की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत की जांच को पुलिस ने गांव में डाला डेरा।

एक माह बाद भी खुलासा न होने से नाराज हैं क्षेत्रवासी।

माईथान (गैरसैंण):-20 जून 2026
रिपोर्ट-प्रेम संगेला.

कोतवाली गैरसैंण के अंतर्गत माईथान क्षेत्र के देवपुरी गांव में एक माह पहले हुई ग्रामीण की संदिग्ध मौत के मामले में एक तरफ जहां जनप्रतिनिधि मौत के खुलासा न होने को लेकर लगातार नाराजगी व्यक्त कर रहे हैं वहीं दूसरी ओर मामले की पहले से ही सक्रियता से जांच में जुटी पुलिस अब मामले के जल्द खुलासे को लेकर गांव में ही डेरा डालने जा रही है।

जिसको लेकर जांच अधिकारी कोतवाल गैरसैंण मनोज कुमार सिरोला के नेतृत्व में बद्रीनाथ के थाना प्रभारी नवनीत सिंह भंडारी,कर्णप्रयाग के थाना प्रभारी विनोद थपलियाल,एसओजी टीम के राजेंद्र सिंह व सलमान खान की टीम अब तक की जांच में मिले तथ्यों ओर सबूतों को ग्राउंड जीरो पर रहकर ही जोड़ने की कोशिश में जुटी हुई है।

बताते चलें कि विगत मई माह में देवपुरी के चनुलीछानी तौक निवासी राजेंद्र कंडारी 18 तारीख को सुबह सवा सात बजे घर से निकलने के बाद लापता हो गए थे। जिसकी गहन खोजबीन के बाद 21 मई को उनका हाथ ओर पैर बंधा हुआ शव घर के नजदीक ही नदी के तालाब में पाया गया था। मामले में घटना के बाद से ही माईथान क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों ने विधायक कर्णप्रयाग सहित मुख्यमंत्री को पत्र प्रेषित कर मामले में त्वरित कार्रवाई की मांग की, जिसको लेकर विगत दिनों माईथान क्षेत्र के त्रिस्तरीय पंचायत प्रतिनिधियों के साथ ही अन्य संगठनों ने बैठक का आयोजन कर जल्द मौत के मामले का खुलासा न होने की दिशा में व्यापक जन आंदोलन की बात भी कही। वहीं,मामले में पहले से ही अलग-अलग पहलुओं की जांच कर रही पुलिस टीम जरूरी आधुनिक जांच के तरीकों का भी इस्तेमाल कर रही है।

राजेंद्र कंडारी के लापता होने के बाद से ही डॉग स्क्वाड की तैनाती गांव में कर दी गयी थी,वहीं शव मिलने के बाद से ही घटनास्थल पर फॉरेंसिक टीम ने भी साक्ष्य जुटाने का काम किया था। साथ ही फील्ड यूनिट की टीम को भी कई दिनों तक गांव में ही तैनात कर मामले की महत्वपूर्ण कड़ियों को जुटाने का काम करती रही।

संदिग्ध परिस्थितियों में हुई ग्रामीण की मौत की जटिल परिस्थितियों को मद्देनजर रखते हुई जिला चमोली के पुलिस कप्तान सुरजीत सिंह पंवार के निर्देशों पर जिले के अलग-अलग थानों के तेज तर्रार अधिकारियों को भी इस जांच में सहयोग के लिए लगाया गया है। मामले को लेकर जांच अधिकारी मनोज सिरौला ने कहा की ग्रामीण के शव की स्थिति,पोस्टमार्टम रिपोर्ट ओर घटनास्थल से मिले महत्वपूर्ण सुरागों की गहनता से पड़ताल जारी है। वहीं मामले में लगातार मिल रही महत्वपूर्ण डिजिटल ओर व्यक्तिगत जानकारियों का भी मिलान किया जा रहा है।उन्होंने मामले की निष्पक्ष हो रही जांच के लिए ग्रामीणों सहित जनप्रतिनिधियों से भी पूर्व की भांती सहयोग बनाए रखने की अपील करते हुए कहा की पुलिस जांच टीम कुछ समय घटना वाले गांव में ही रहेगी। जिससे भय का वातावरण समाप्त होने के साथ ही जल्द ही मौत के कारणों का खुलासा भी किया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!