बहुचर्चित बहुउद्देशीय सहकारी समिति लिमिटेड में करीब 19 लाख रुपए की हेराफेरी,फरार समिति के पूर्व सचिव को पुलिस ने किया गिरफ्तार।
पौड़ी गढ़वाल:-23 जुलाई 2026
देवप्रयाग की बहुउद्देशीय सहकारी समिति लिमिटेड में करीब 19 लाख रुपए के गबन के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है।जिसके तहत समिति के पूर्व सचिव को गिरफ्तार किया गया है। आरोपी पर अपने कार्यकाल के दौरान समिति की धनराशि में गंभीर वित्तीय अनियमितता और गबन करने का आरोप है। जो लंबे समय से फरार चल रहा था. जिसे पुलिस ने आधार पर श्रीनगर क्षेत्र से दबोच है।
पुलिस के मुताबिक, इस मामले का खुलासा 19 मार्च 2026 को हुआ था, जब विकासखंड कोट के सहायक विकास अधिकारी ने थाना देवप्रयाग में लिखित शिकायत दर्ज कराई।शिकायत में बताया गया कि बहुउद्देशीय सहकारी समिति लिमिटेड देवप्रयाग के तत्कालीन सचिव शैलेंद्र गैरोला ने अपने कार्यकाल के दौरान समिति की धनराशि का दुरुपयोग करते हुए करीब 19 लाख रुपए का गबन किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पौड़ी एसएसपी सर्वेश पंवार ने टीम का गठन कर जल्द कार्रवाई के निर्देश दिए। ऐसे में शिकायत के आधार पर थाना देवप्रयाग में भारतीय दंड संहिता की धारा 409 (लोक सेवक या बैंक/संस्था के कर्मचारी द्वारा आपराधिक न्यासभंग) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। इसके बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच शुरू की और दस्तावेजों के साथ अन्य सबूत जुटाए।
जांच के दौरान पता चला कि मुकदमा दर्ज होने के बाद आरोपी गिरफ्तारी से बचने के लिए लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था और विभिन्न स्थानों पर छिपकर रह रहा था। पुलिस टीम ने उसकी तलाश में लगातार दबिश दी और सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों की मदद से उसकी गतिविधियों पर नजर रखी। लगातार प्रयासों के बाद पुलिस ने श्रीनगर क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की मानें तो वर्तमान में वो श्रीनगर में रह रहा था।
गिरफ्तार आरोपी का नाम शैलेंद्र गैरोला (उम्र 32 वर्ष), निवासी-बडियारगढ़, कीर्तिनगर,टिहरी निवासी है। पूछताछ के दौरान आरोपी ने सहकारी समिति में करीब 19 लाख रुपए की वित्तीय अनियमितता किए जाने की बात स्वीकारी। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश कर अग्रिम वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले से जुड़े सभी वित्तीय पहलुओं की गहन जांच जारी है।आवश्यकता पड़ने पर अन्य संबंधित तथ्यों की भी पड़ताल की जाएगी। सहकारी समिति में हुए इस गबन के खुलासे के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल है। वहीं, समिति से जुड़े सदस्यों और स्थानीय लोगों ने मामले में निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
