विधानसभा सत्र की सुगबुगाहट के बीच राष्ट्रीय राजमार्ग पर पेचवर्क तेज।
मेहलचौरी में मानकों के अनुरूप काम नहीं होने की शिकायत पर दोबारा कराया गया पेचवर्क।
मेहलचौरी (गैरसैंण):-07 अक्टूबर 2026
रिपोर्ट- प्रेम संगेला।
ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण से होकर गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग ज्योलीकोट-कर्णप्रयाग की बदहाल स्थिति सुधारने के लिए इन दिनों पेचवर्क का काम तेजी से चल रहा है । एक ओर बरसाकाल समाप्त होने तो दूसरी ओर गैरसैंण-भराड़ीसैंण में संभावित विधानसभा के मानसून सत्र को देखते हुए विभाग सड़क को गड्ढामुक्त करने में जुटा है। इसी कड़ी में बुधवार को मेहलचौरी बाजार में बरसात के दौरान सड़क पर बने गड्ढों को भरने का काम किया गया। इस दौरान पेचवर्क में लापरवाही बरते जाने को लेकर स्थानीय व्यापारियों ने विभागीय अधिकारियों से शिकायत की तो ,तत्काल ही राष्ट्रीय राजमार्ग रूद्रप्रयाग डिविजन के अधिशासी अभियंता ओंकार पांडेय ने मय टीम के मौके पर पहुंचकर निर्माणदायी कंपनी के कर्मचारियों को निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य करने के सख्त निर्देश दिए । इसके बाद कई स्थानों पर दोबारा पेचवर्क कराया गया।
व्यापार संघ अध्यक्ष मोहन सिंह नेगी ने कहा कि सरकार ने 15 अक्टूबर तक सड़कों को गड्ढामुक्त करने का लक्ष्य दिया था,जिसके बीतने में महज सप्ताहभर ही बचा है, लेकिन अभी तक राष्ट्रीय राजमार्ग ही गढ्ढा मुक्त नहीं हो पाया है ,तो ग्रामीण सडकों के हालात कैसे सुधरेंगे।उन्होंने कहा कि गैरसैंण में विधानसभा सत्र की सुगबुगाहट शुरू होते ही सड़क के गड्ढे भरने का काम तेज हुआ है, जिसमें गुणवत्ता को लेकर किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
अधिशासी अभियंता ओंकार पांडेय ने बताया कि बरसात के बाद सड़क के गड्ढों को भरने का काम किया जा रहा है, ताकि लोगों का आवागमन सुगम हो सके। उन्होंने कहा कि बारिश थमने के बाद दीवालीखाल -गैरसैंण के बीच पूर्व में स्वीकृत 9 किलोमीटर सड़क का डामरीकरण शुरू करवाया जाएगा ,वहीं पाण्डुवाखाल से कर्णप्रयाग के बीच शेष 45 किलोमीटर सड़क के डामरीकरण के लिए एस्टीमेट स्वीकृति हेतु भेजा गया है। उन्होंने बताया कि मेहलचौरी स्थित रामगंगा पुल का परीक्षण भी कराया गया था,जिसमें पुल को सही पाया गया है,अब जल्द ही पुल पर भी डामरीकरण का कार्य जल्द शुरू किया जाएगा।
