रहें सावधान-उत्तराखंड के 7 जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी।

रहें सावधान-उत्तराखंड के 7 जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी।

देहरादून:-09 जुलाई 2026

उत्तराखंड में अगले 24 घंटे बेहद संवेदनशील रहने वाले हैं। राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) ने 7 जिलों के लिए अत्यधिक भारी बारिश की चेतावनी दी है। वहीं, अब तक काशीपुर में सबसे ज्यादा 206 मिलीमीटर बारिश दर्ज हुई है। जबकि, कई स्थानों पर सड़क, बिजली और नदी कटाव की समस्याएं बढ़ीं है। इसके अलावा प्रदेश में अभी भी 195 सड़कें बाधित चल रही हैं।

उत्तराखंड में मानसून अब पूरी तरह सक्रिय हो चुका है और इसका असर प्रदेश के ज्यादातर जिलों में दिखाई देने लगा है। पिछले 24 घंटों के दौरान राज्य में औसतन 52.4 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। जबकि, कई स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश रिकॉर्ड हुई है। लगातार हो रही बारिश के कारण प्रदेशभर में 195 सड़कें बंद हैं, कई जिलों में बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है।

उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट

कुछ स्थानों पर नदी कटाव और भूस्खलन जैसी घटनाएं भी सामने आई हैं. इस बीच राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) के सचेत एप पर उत्तराखंड के लिए ‘Extremely Heavy Rain Alert’ यानी अत्यधिक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है, जिससे प्रशासन की चिंता और बढ़ गई है। इस अलर्ट में अगले 24 घंटों के दौरान देहरादून, टिहरी, पौड़ी, हरिद्वार, उधम सिंह नगर, नैनीताल और चंपावत जिलों के कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी और कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश की संभावना जताई गई है. अलर्ट के मुताबिक, संवेदनशील इलाकों में अचानक जलभराव, भूस्खलन, मलबा आने और छोटे नालों के उफान जैसी स्थितियां बन सकती हैं।

उत्तराखंड में 195 सड़कें अब भी बंद

लोक निर्माण विभाग (PWD) के रोड क्लोजर डैशबोर्ड के मुताबिक, 9 जुलाई 2026 तक उत्तराखंड में कुल 885 सड़कें प्रभावित हुई हैं,जिनमें से 195 सड़कें अभी भी पूरी तरह बंद हैं, जबकि, 680 सड़कें यातायात के लिए खोल दी गई हैं।

सबसे ज्यादा 143 सड़कें पौड़ी जिले में बंद हैं और पीएमजीएसवाई की 326 सड़कें सबसे ज्यादा प्रभावित श्रेणी में हैं. विभागीय आंकड़ों के अनुसार 70 सड़कें निर्धारित समय सीमा बीतने के बाद भी नहीं खुल पाई हैं. सड़कों की बहाली के लिए करीब ₹5805.33 लाख (58.05 करोड़ रुपए) की आवश्यकता आंकी गई है।

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