चमोली में एक महीने से लापता पॉलीटेक्निक छात्र आदित्य नेगी का जंगल से मिला शव, कपड़ों और मोबाइल से हुई पहचान।
चमोली:- 10 जून 2026
चमोली जिले में एक महीने से लापता चल रहे पॉलीटेक्निक छात्र का शव जंगल से बरामद होने के बाद पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई। युवक बीते 13 मई से लापता था और परिजन लगातार उसकी तलाश में जुटे हुए थे। मंगलवार को जंगल में मिले सड़े-गले शव की पहचान उसके कपड़ों और मोबाइल फोन के आधार पर की गई।
मृतक की पहचान 20 वर्षीय आदित्य सिंह नेगी पुत्र रमेश नेगी निवासी देवग्राम, उर्गम क्षेत्र, ज्योतिर्मठ के रूप में हुई है। आदित्य राजकीय पॉलीटेक्निक गोपेश्वर में सूचना प्रौद्योगिकी यानी आईटी द्वितीय वर्ष का छात्र था। पढ़ाई के दौरान वह गोपेश्वर में किराए के कमरे में रह रहा था। बताया जा रहा है कि 13 मई की रात वह अचानक लापता हो गया था। उसका मोबाइल फोन भी बंद आ रहा था, जिसके बाद परिजनों ने 15 मई को चमोली कोतवाली में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
मंगलवार सुबह गोपेश्वर के पास पाडुली जंगल क्षेत्र के रोली ग्वाड़ इलाके में घास लेने गई कुछ स्थानीय महिलाओं की नजर जंगल में पड़े एक मानव शव पर पड़ी। महिलाओं ने तुरंत इसकी जानकारी ग्रामीणों को दी, जिसके बाद पुलिस को सूचना पहुंचाई गई। सूचना मिलते ही चमोली कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक राकेश भट्ट पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। घटनास्थल घने और दुर्गम जंगल क्षेत्र में होने के कारण पुलिस को शव तक पहुंचने और उसे बाहर निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। रेस्क्यू के बाद शव को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के लिए जिला चिकित्सालय गोपेश्वर भेजा गया। शव काफी पुराना और सड़ा-गला होने के कारण उसकी पहचान करना आसान नहीं था। पुलिस ने गुमशुदगी प्रकरण से जुड़े परिजनों और युवक के दोस्तों को बुलाया। मृतक के दोस्तों ने उसके कपड़ों और मौके से बरामद मोबाइल फोन के आधार पर उसकी पहचान आदित्य सिंह नेगी के रूप में की। बाद में परिजनों और अन्य परिचित लोगों ने भी पहचान की पुष्टि की।
पुलिस ने नियमानुसार पंचायतनामा और अन्य आवश्यक वैधानिक कार्रवाई पूरी करने के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया और शव परिजनों को सौंप दिया। फिलहाल युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।
एक महीने से बेटे की तलाश कर रहे परिजनों को उसके सुरक्षित लौटने की उम्मीद थी, लेकिन जंगल से शव मिलने की खबर ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया। घटना के बाद उर्गम क्षेत्र और गोपेश्वर में शोक का माहौल है। वहीं पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
