बद्रीनाथ धाम चढ़ावा चोरी मामला: SIT ने की दूसरी गिरफ्तारी,पूर्व मंदिर अधिकारी अरेस्ट,तीस जून को हुए थे रिटायर्ड।
चमोली:-17 जुलाई 2026
बद्रीनाथ धाम के कथित चढ़ावा चोरी मामले में जांच कर रही विशेष जांच टीम (SIT) ने शुक्रवार को दूसरी गिरफ्तारी करते हुए जोशीमठ निवासी राजेंद्र चौहान को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद उन्हें बद्रीनाथ थाने लाकर पूछताछ की जा रही है।
जानकारी के अनुसार, राजेंद्र चौहान बद्रीनाथ मंदिर में थाली भेंट एवं गणना कक्ष में कार्यरत थे। वह 30 जून को ही बदरी-केदार मंदिर समिति (BKTC) की सेवा से सेवानिवृत्त हुए थे।इससे पहले पुलिस इस मामले में बदरी-केदार मंदिर समिति के कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को भी गिरफ्तार कर चुकी है। वहीं अब ये दूसरी कार्रवाई हुई है।
बताया जा रहा है कि राजेंद्र चौहान को पूछताछ के लिए जोशीमठ से बदरीनाथ लाया गया था, जहां लंबी पूछताछ के बाद एसआईटी (पुलिस) ने उन्हें हिरासत में ले लिया। पुलिस उन्हें शनिवार को न्यायालय में पेश करेगी। जानकारी के अनुसार, जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर एसआईटी ने कार्रवाई करते हुए राजेंद्र चौहान को गिरफ्तार किया है। जांच एजेंसियों का मानना है कि वह भी मुख्य आरोपी प्रमोद नौटियाल की तरह चढ़ावे की रकम में कथित हेराफेरी के मामले में संलिप्त रहे हैं।
थाना प्रभारी बदरीनाथ महादेव उनियाल ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि पूर्व टेंपल अधिकारी राजेंद्र चौहान से लंबे समय तक पूछताछ की गई, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। उन्होंने बताया कि आरोपी को शनिवार को माननीय न्यायालय में पेश किया जाएगा। उधर, जांच के दौरान सामने आए सीसीटीवी फुटेज में कुछ अन्य संदिग्ध लोगों की मौजूदगी भी बताई जा रही है। ऐसे में अब निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि एसआईटी आगे किन लोगों के खिलाफ कार्रवाई करती है।
क्या था पूरा मामला
कुछ दिनों पहले यानी तीन जुलाई को भैरव सेना के संस्थापक संदीप खत्री ने बदरीनाथ मंदिर चढ़ावे की चोरी को लेकर बड़ा खुलासा किया था. उन्होंने आरोप लगाया था कि बदरी-केदार मंदिर समिति का एक कर्मचारी बदरीनाथ धाम मंदिर में दान की राशि में हेराफेरी कर रहा है. इस मामले में उन्होंने बदरी-केदार मंदिर समिति को जांच के लिए पत्र भी लिखा, तभी ये मामला प्रकाश में आया था। इस तरह के आरोप लगने के बाद बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने मामले की जांच आदेश दिए थे और चार सदस्य कमेटी का भी गठन किया था. इसके बाद सरकार की तरफ से भी तीन सदस्य हाई लेवल कमेटी का गठन किया गया था। इसी बीच पुलिस ने भी इस मामले में मुकदमा दर्ज कर अपनी जांच शुरू की। मुकदमा दर्ज होने के बाद पुलिस ने बदरी-केदार मंदिर समिति के कर्मचारी प्रमोद नौटियाल को गिरफ्तार किया था। पहली गिरफ्तारी प्रमोद नौटियाल की हुई थी। इसके बाद आज 17 जुलाई को इस मामले में दूसरी गिरफ्तारी हुई।
