6 दिन से लापता व्यक्ति का शव गधेरे के तालाब में तैरता मिलने से फैली सनसनी,शव का एक हाथ व दोनों पैर साथ बंधे होने पर ग्रामीणों ने जताई हत्या की आशंका।
पहले ही छाने गये इलाके से अब शव मिलने से लोग सकते में,मामले की गंभीरता देख श्रीनगर से फारेसिंक टीम को बुलाया गया मौके पर।
माईथान (गैरसैंण)- 23 मई 2026
रिपोर्ट-प्रेम संगेला।
कोतवाली गैरसैंण के अंतर्गत माईथान पुलिस चौकी के देवपुरी गांव से पिछले 6 दिनों से लापता व्यक्ति का शव शनिवार तड़के मृतक के घर से महज तीन सौ मीटर की दूरी पर खनसर नदी के 6 से 8 फीट गहरे प्राकर्तिक तालाब में तैरता हुए मिलने से क्षेत्र में सनसनी मची हुई है। लगभग 5-6 दिन पुराने शव का एक हाथ व दोनो पैर साथ बंधे होने के साथ ही सर व आंख भी गंभीर रूप से क्षतिग्रस्त होने से मामले में ग्रामीणों द्वारा हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है।
गौरतलब है की शव मिलने वाले स्थान पर पिछले 6 दिनों में ग्रामीण सर्च अभियान के दौरान कई बार गुजर चुके थे लेकिन अब उसी इलाके में शव मिलने से लोग हत्या की आशंका जता रहे हैं। मौके से मृतक का मोबाईल,चप्पल व एक पानी की बोतल भी बरामद हुई है. ग्रामीण का कहना है कि, इस प्रकार से युवक का शव मिलना शातिराना तरीके से युवक की हत्या को अंजाम दिए जाने की ओर भी ईशारा कर रहा है,इसे लेकर भी तरह तरह की सवाल लोगों के मन में हैं। मौके पर पंहुचे कोतवाल मनोज सिरौला ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जिले से फारेंसिक टीम व फील्ड यूनिट को भी बुलाने की मांग की,कहा कि जरूरत पड़ने पर डाग स्क्वाड टीम की मदद भी ली जायेगी।
उल्लेखनीय है की देवपुरी गांव के चनुलीछानी तोक निवासी 40 वर्षीय राजेंद्र सिंह पुत्र पुष्कर सिंह पिछले 18 मई की सुबह से घर काम पर जाने के बाद से ही लापता थे। शुरुआती ढूंढ खोज के बाद परिजनों द्वारा पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई गयी,तब अनहोनी की आशंका को लेकर पुलिस विभाग की डॉग स्क्वायड टीम द्वारा दो दिनों तक ग्रामीणों की मदद से पूरे क्षेत्र में सघन सर्च अभियान चलाया गया था,लेकिन तब लापता व्यक्ति का कोई भी सुराग नहीं लग पाया था।
मामले में आज शनिवार की सुबह ग्रामीणों को जब लापता राजेंद्र सिंह का शव घर से महज तीन सौ मीटर की दूरी पर खनसर नदी के गधेरे में जमा पानी के एक तालाब में तैरता हुआ मिला तो पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। जिसकी सूचना पुलिस विभाग को दी गई इसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव सहित अन्य सामग्री कब्जे में ले ली। मामले की पेचीदगी को देखते हुए ओर 6 दिनों बाद शव के ग्रामीणों द्वारा पहले ही सर्च किए जा चुके इलाके में मिलने से पुलिस कोतवाल मनोज सिरौला ने सजगता दिखाते हुए पंचनामा भरने से पहले ही जिला स्तरीय अधिकारियों से सम्पर्क कर मामले की गंभीरता को बताया, जिसके बाद पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार के निर्देशों पर श्रीनगर से फारेसिंक टीम व जिला मुख्यालय गोपेश्वर से फील्ड यूनिट को मौके के लिए रवाना किया गया।
कोतवाल मनोज सिरौला ने बताया की देर शाम को फारेसिंक टीम द्वारा मौके पर पंहुचकर जरूरी साक्ष्य जुटा लिए गए हैं.जिसके बाद शव का पंचनामा भर लिया गया है, अब शव को पोस्टमार्टम के लिए कर्णप्रयाग भेजा जा रहा है। मामले में ग्रामीणों द्वारा हत्या की आशंका जताते हुए पुलिस विभाग से निष्पक्ष जांच किए जाने की बात करते हुए जल्द से जल्द पूरे मामले का खुलासा किए जाने की मांग की है।
मौके पर कोतवाल गैरसैंण मनोज सिरोला,माईथान चौकी प्रभारी व जांच अधिकारी अरूण कुमार,मेहलचौरी के बिशन लाल,होमगार्ड के जवान सतीश रावत,प्रधान देवपुरी किरन देवी,क्षेत्र पंचायत सदस्य महिपाल सिंह,संजय रावत,हरेंद्र कंडारी,रघुवीर रावत,महेन्द्र गुंसाई,खिलाफ सिंह कंडारी सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
